कविता पढ़ाइ – सोनी कुमारी Krishna Kunal August 17, 2025 0 पढ़ाइ छउवे घरी लेल पीछातखने ले परेसान हीई कधिया सिरयतयओकरे आसे लागल ही । कतेक दिन से... Read More Read more about पढ़ाइ – सोनी कुमारी
कविता मानुसेक सक्ति – रमेश कुमार Krishna Kunal August 17, 2025 0 मानुसेक सक्ति हे मानुस! बुझ नाञ् –तोंञ् आपन के हीन,उठ–उठ,जाग–जाग –आपन के तोंञ् चिन्ह| तोर गातेक आइगे... Read More Read more about मानुसेक सक्ति – रमेश कुमार
कविता आइझ-काइल – अमित करमाली Krishna Kunal August 15, 2025 0 आइझ-काइल बाप रे! बाप छोंड़ा-छोंड़ीदेखाय जनी, मरद जइसनसुट-बुट एक जइसन फेकेक आर छोडेक आसान भेलक अइसनआइझ काइल... Read More Read more about आइझ-काइल – अमित करमाली